कर्नाटक के राजनीतिक घटनाक्रम में सुप्रीम कोर्ट ने कांग्रेस-जेडीएस की याचिका पर शनिवार (19 मई) को कर्नाटक विधानसभा में बहुमत परिक्षण कराने का आदेश दिया है। कोर्ट ने फैसले के मुताबिक बीजेपी की येदुरप्पा सरकार को 28 घंटों के भीतर 111 विधायकों के समर्थन का जुगाड़ करना होगा।

बीजेपी के पास अभी 104 विधायकों की संख्या है। सदन में बहुमत साबित करने के लिए बीजेपी को 7 और विधायकों की ज़रूरत है। ऐसे में यह अटकलें अब तेज़ हो गई हैं कि बीजेपी विधायकों को खरीदने के लिए हर संभव प्रयास करेगी। इसी बीच कांग्रेस ने भाजपा पर रिश्वत की पेशकश का ताज़ा आरोप लगाया है।

कांग्रेस ने ऑडियो क्लिप जारी कर बीजेपी नेता जनार्दन रेड्डी पर आरोप लगाया है कि उन्होंने कांग्रेस के एक विधायक को मंत्रालय और मोटी रकम की लालच दी है।

कांग्रेस ने एक ऑडियो क्लिप जारी किया जिसमें जनार्दन रेड्डी रायचूर देहात से कांग्रेस के विधायक बासवानागोडा डाड्डल को पैसे का ऑफर देने की कोशिश कर रहे थे। अभी तक ऑडियो क्लिप की सत्यता के बारे में भाजपा की ओर से किसी भी नेता ने सफाई नहीं दी है।

बता दें कि सुप्रीम कोर्ट ने दोनों दलों की दलीलों को सुनने के बाद विधानसभा का अस्थायी अध्यक्ष (प्रो-टेम स्पीकर) नियुक्त करने का आदेश दिया है। कल शनिवार को चार बजे से पहले सभी विधायकों को शपथ दिलाई जाएगी और चार बजे शक्ति परीक्षण होगा।

सुप्रीम कोर्ट ने यह भी स्पष्ट किया कि इस दौरान बी एस येदियुरप्पा सरकार न तो कोई नीतिगत फैसला लेगी और न ही एंग्लो-इंडियन व्यक्ति को विधानसभा में सदस्य मनोनीत करेगी।